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सोमवार, जुलाई 04, 2011

जीवन क्या है?

what is life














यह एक पत्ता है, तोड़ो तो टूट जाता है।
यह पत्ते पर गिरी ओस की बूंद है,
धूप पड़ते ही उड़ जाती है।

यह कागज का टुकड़ा है,
हवा के झोंके से ही उड़ जाता है।

यह सागर किनारे की रेत है,
लहरों के साथ बह जाती है।

यह क्षण भंगुर है, जो लौटकर नहीं आता,
बस नश्वर हो जाता है।

जीवन की लंबी है कहानी,
इंसान न बता पाये इसको जुबानी।

जीवन मूल्यवान बड़ा है यह समझो,
सोचो न क्या होगा हमको।

रुप अनेक हैं इस जीवन के,
गिने न जा सकें जो।

क्षण भर का जीवन ही बहुत है,
यह सोच हैरान न हो लोगों।
जीवन क्या है?

-Deepank Dubey

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